Sunday, 27 January 2019

मस्तिष्क रेखा का सम्पूर्ण अध्यन १

नमस्कार दोस्तों जय गुरु देव ! नमो निखिलं ! दोस्तों आज हम बात करते है मस्तिष्क रेखा के बारे में !दोस्तों मानव जीवन में बुद्धिमता का विशेष महत्व है ,अगर इंसान बुदिमान है ,समझदार है !तो वो कैसी भी परिस्थिति से बहार आसकता है ! अगर बुद्धि का आभाव है तो इंसान को कितने भी अचे अवसर मिले वो उनका सदुपयोग नहीं कर पता है ,ऐसे में इंसान की बुद्विमता का पता होना अति आवश्यक है !इंसान की बुद्धिमता का परिक्षण हाथ में मस्तिष्क रेखा से किया जाता है ! इसके अलावा इंसान के जीवन में घटने वाली विशेष घटनाओ का पता भी मस्तिष्क रेखा से लगाया जा सकता है जैसे कोई मानसिक आघात ,सर में चोट ,मानसिक परेशानिया ,एक्सीडेंट आदि ! वैसे भी दोस्तों समस्त विश्व की उन्नति में बुद्धिमता का विशेष महत्व है ! दोस्तों मस्तिष्क रेखा हाथ में जीवन रेखा या गुरु पर्वत से सुरु होती है !जो की चल कर उच्च मंगल बुध पर्वत ,चंद्र पर्वत या हथेली के मध्य तक जाती है ! दोस्तों जैसा की पूर्व में भी मैंने बताया है कोई भी रेखा की तीन इस्थितिया होती है ! १ बहुत मोटी २ सामान्य ३ बहुत बारीक़ अब हमें देखना ये है की रेखा की स्थिति क्या है उसी के अनुरूप ही परिणाम होंगे !मानों रेखा बहुत ज्यादा मोटी और फैली हुयी है ऐसे में जातक मुर्ख किस्म का इंसान होगा वो बेपरवाह या लापरवाह किस्म का इंसान होगा !ऐसे लोग दुसरो के द्वारा संचालित इंसान होते है !ऐसे लोगो का समाज के विकाश में विशेष महत्व नहीं माना जा सकता ! अगर मस्तिष्क रेखा सामान्य मोटाई लिए हुए है तो ये अति उत्तम माना जा सकता है ! ऐसे इंसान बहुत ही बुदिमान किस्म के इंसान माने जा सकते है ! ऐसे लोगो का समाज के विकाश में काफी योगदान होता है !ऐसे लोग समाज को कोई नया अविष्कार कुछ नए विचार दे कर जाते है ! अगर मस्तिष्क रेखा बहुत ज्यादा बारीक़ है तो इंसान अस्थिर मस्तिष्क के इंसान होते है ,इनके विचारो में एक रूपता नहीं होती ऐसे लोग बार बार अपने विचार बदलते रहते है ! कई बार ऐसे लोग मानसिक बीमारियों के शिकार भी देखे गए है ! अगर बात करे उच्च श्रेणी की मस्तिष्क रेखा की तो गहरी गुलाबी सामान्य श्रेणी की मस्तिष्क रेखा हो ,जिसका उदय जीवन रेखा के साथ में हो ,जो उच्च मंगल तक निर्दोष रूप से पहुँचती हो ! ऐसी मस्तिष्क रेखा को उच्च श्रेणी की मस्तिष्क रेखा कहा जा सकता है !ऐसे लोग बुद्धिमान ,कल्पनाशील विवेकशील दूरदर्शी ,योग्य ,ज्ञानी निरणय अक्षमता वाले इंसान ,एकाग्रता ,स्फूर्तिवान ,उत्साहित व् साहसी इंसान होते है ! इसके विपरीत अगर मोटी या अस्पस्ट मस्तिष्क रेखा हो तो जातक में निरणय अक्षमता का आभाव होता है !ऐसे लोग दुसरो की सलाह से ही चलते है !ऐसे लोग अस्थिर विचारो वालो इंसान होते है !ऐसे लोग सनायु और ह्रदय रोगी या मानसिक रोगी हो सकते है ! अगर मस्तिष्क रेखा सीधी और सरल हो तो ऐसे जातको में व्यवहार कुशलता ,सुलझापन ,संतुलित विचारो वाले ,जिद्दी अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित ,अध्यनशील ,कूटनीतिज्ञ किस्म के इंसान होते है ! इसके आलावा मस्तिष्क रेखा की विभिन प्रकार की इस्थितियो का भी विचार कर सकते है ! अगर मस्तिष्क रेखा सीधी उच्च मंगल तक जाती है तो जातक चालाक, समझदार ,अपने हित को साधने वाला इंसान होता है !लेकिन ऐसे लोग क्रोधी किस्म के इंसान होते है ! लेकिन अगर कनिष्ठका छोटी हो तो जातक में सीधापन होता है !अगर तर्जनी लाभ हो और सूर्य पर्वत और गुरु पर्वत उन्नत हो तो जातक बहुत ज्यादा पढ़ाकू किस्म का इंसान होता है ऐसे लोग बहुत ज्यादा ज्ञान अर्जित करते है ! अगर हाथ में अंगुलियों लम्भी हो , और बुध पर्वत उन्नत हो तो जातक बहुत अच्छा प्रबंधक होता है !अगर अंगुलियों की लम्बाई कम है तो सफलता में कमी मानी जा सकती है अगर अंगुलियों नुकीली हो तो जातक विद्वान् किस्म के इंसान होता है ! ऐसे लोग टेलेंटेड कलाकार भी हो सकते है !अगर हाथ में ह्रदय रेखा का भाव नजर आये तो जातक स्वयं पर बहुत खर्चा करने वाला इंसान होता है ! अगर दुर्बल कमजोर मस्तिष्क रेखा हाथ में हो तो दुसरो से ऑपरेट होने वाला इंसान होता है ,साथ में अगर अंगूठा छोटा हो तो जातक नीरा मुर्ख किस्म का इंसान होता है ! अगर मस्तिष्क रेखा कटी हुयी टूटी हुयी हो तो ये सुभ संकेत नहीं मान सकते ऐसे में असंतुलित मस्तिष्क ,पागलपन ,मातृवियोग ,दुर्घटना ,मानसिक चिंता का संकेत है ! अगर मस्तिष्क रेखा टूट कर ह्रदय रेखा की तरफ बडे या मस्तिष्क रेखा पर क्रॉस का निशान हो और नाख़ून छोटे हो तो जातक मिर्गी रोग से पीड़ित हो सकता है!अगर मस्तिष्क रेखा बीच में टूट कर उसको आरी रेखाएं काटे ह्रदय रेखा की एक शाखा भाग्य रेखा को काटे और विवाह रेखा या रोमांस रेखा में ब्रेक हो तो प्रियतम की मोत की सम्भावना मानी जा सकती है ! अगर मस्तिष्क रेखा पर क्रॉस हो या जाल हो या कोई दूसरी रेखा आकर मस्तिष्क रेखा को कटती है तो ऐसे में जातक चिन्ताओ से घिरता है !जातक को सिरदर्द जैसी बीमारी का सामना करना पर सकता है ,उतावलापन ,चोट लगने की सम्भावना ,मानसिक बीमारी ,निर्णय अक्षमता नहीं , https://amzn.to/2UolCH4

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